शनिवार, जुलाई 09, 2022

प्राचीन संस्कृति की आईना है इतिहास ....

  
     पुरातन संस्कृतियों एवं धरोहरों की आईना  इतिहास है। राष्ट्रीय इतिहास दिवस  संयुक्त राज्य अमेरिका का मैरीलैंड विश्वविद्यालय के कॉलेज पार्क स्थित राष्ट्रीय इतिहास दिवस की स्थापना 9 जुलाई  1974 ई. को की गई है।इतिहास दिवस का वाशिंगटन, डीसी, प्यूर्टो रिको , गुआम , अमेरिकी समोआ , दक्षिण कोरिया, चीन, दक्षिण एशिया और मध्य अमेरिका में सहयोगी हैं। राष्ट्रीय इतिहास दिवस को क्लीवलैंड, ओहियो में केस वेस्टर्न रिजर्व यूनिवर्सिटी के इतिहास के प्रोफेसर डॉ डेविड वान टैसेल की अध्यक्षता में नेशनल हिस्टोरिकल डे इतिहास दिवस मनाई गई थी । अमेरिकन एसोसिएशन फॉर स्टेट एंड लोकल हिस्ट्री , अमेरिकन हिस्टोरिकल एसोसिएशन , फेडरेशन ऑफ स्टेट ह्यूमैनिटीज काउंसिल , नेशनल एसोसिएशन ऑफ सेकेंडरी स्कूल प्रिंसिपल्स , नेशनल सेंटर फॉर हिस्ट्री इन द स्कूल , नेशनल काउंसिल फॉर हिस्ट्री एजुकेशन , नेशनल काउंसिल फॉर द सोशल स्टडीज , ऑर्गनाइजेशन ऑफ अमेरिकन हिस्टोरियंस , सोसाइटी ऑफ अमेरिकन आर्काइविस् , क्लीवलैंड में 1974 में राष्ट्रीय इतिहास दिवस प्रारम्भ हुई थी ।  केस वेस्टर्न रिजर्व यूनिवर्सिटी के इतिहास विभाग के सदस्यों ने विज्ञान मेले के समान इतिहास प्रतियोगिता के लिए प्रारंभिक विचार विकसित करने के बाद 1978 में, इतिहास  परियोजना को शामिल करने के बाद लोइस शारफ को कार्यकारी निदेशक के रूप में नियुक्त किया गया था ।उन्होंने कार्यक्रम में शामिल होने के लिए अनुदान राशि जुटाने और राज्य के ऐतिहासिक संगठनों की भर्ती के लिए काम किया। उन्होंने 1992 तक सेवा की। 1992 में राष्ट्रीय इतिहास दिवस ने क्लीवलैंड से वाशिंगटन, डीसी, क्षेत्र में स्थानांतरित कर दिया गया था ।ओक्लाहोमा इतिहास केंद्र के ओक्लाहोमा सिटी में इतिहास संग्रहालय ,जॉर्जिया ऐतिहासिक सोसायटी में अमेरिकी राज्य जॉर्जिया का ऐतिहासिक समाज में इतिहास दिवस मनाया जाता है । सृष्टि के प्रारम्भ में भारतीय कालगणना , ज्योतिष शास्त्र एवं विश्व के अतीत से पृथ्वी के स्थानों की मानवजाति के इतिहास से जुड़ाव है ।  इतिहासकारों द्वारा विभिन्न कालों में भिन्न भिन्न तरह से इतिहास की रचना की गई है । भारतीय इतिहास में वेद, वेदांत , संहिता , स्मृति , पुरणों आदि ग्रंथ है । विभिन्न ग्रंथों एवं इतिहास के पन्नों में भिन्न भिन्न युगों , मन्वंतर , संबतसर , संबत , ईस्वी काल गणना की गई है । इतिहास प्राचीन संस्कृति , धर्म , शासन एवं धरोहरों की आईना है । पाषाण युग 70000–3300 ई.पू. , कांस्य युग , नवपाषाण युग , सिन्धु घाटी की सभ्यता 3300 ई.पू. – 1700 ई.पू. , बिहार के मगध सभ्यता , मिथिला सभ्यता ,, भोजपुरी सभ्यता , अंग सभ्यता , लिक्ष्वि सभ्यता , सौर , शाक्त , शैव , वैष्णव सभ्यता एवं संस्कृति , मौर्य , गुप्त , सेन , पाल काल का शासन एवं धरोहरों , काशी , अयोध्या , गोखुल सभ्यता , कलिंग , बंगाली , असम , महाराष्ट्र , , गुजराती , राजस्थानी , उज्जैन सभ्यता , तमिल , कर्नाटक , आंध्र सभ्यता और संस्कृति , झारखंड संस्कृति और सभ्यता , मिस्र की सभ्यता (3100 ई.पू - ) ,चीन की सभ्यता ,वैदिक काल 1500–500 ई.पू., लौह युग 1200–300 ई.पू. ,बौद्ध धर्म (५वीं शताब्दी ई.पू. -)  जैन धर्म ,रोमन साम्राज्य 27 ई.पू.–476 (पश्चिम) ,ईसाई धर्म , इस्लाम 610 ,मंगोल साम्राज्य 1206 - 1370 ,मैग्ना कार्टा 1215 ,काली मौत 1348 - 1350 ,तुर्क साम्राज्य 1299 - 1929 , पुनर्जागरण 14वीं शताब्दी - 17वीं शताब्दी ,अमेरिकी महाद्वीप की खोज 1492 ,स्पैनिश साम्राज्य 1516 -1 7 का उल्लेख इतिहास में है। मंगोल साम्राज्य ,पृथ्वी का भूवैज्ञानिक इतिहास ,विश्व का राजनैतिक इतिहास ,प्रौद्योगिकी का इतिहास , ८२० ई में विश्व का राजनैतिक दृष्य ,यूनान का इतिहास , विश्व का आर्थिक इतिहास
फ्रांस का सैन्य इतिहास में सामाजिक , भौगोलिक , शैक्षणिक , आर्थिक एवं विभिन्न स्थानों का उल्लेख है ।





बुधवार, जुलाई 06, 2022

प्रेम और सौहार्द का रूप चॉकलेट दिवस ....

         प्रेम और सौहार्द का रूप चॉकलेट दिवस है । विश्व चॉकलेट दिवस 7 जुलाई  1550 में यूरोप में चॉकलेट की शुरुआत की वर्षगांठ  हैं।  विश्व चॉकलेट दिवस का पालन 2009 से होता है। संयुक्त राज्य अमेरिका में 28 अक्तूबर को  राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस ,  यूएस नेशनल कन्फेक्शनर्स एसोसिएशन ने 13 सितंबर 1857 ई. को मिल्टन एस. हॉर्से का जन्म दिवस पर अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस के रूप में मनाया जाता है।   कोको का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक घाना में 14 फरवरी को चॉकलेट दिवस , लातविया में 11 जुलाई को विश्व चॉकलेट दिवस मनाया जाता है।  यूएस नेशनल कन्फेक्शनर्स एसोसिएशन द्वारा चॉकलेट दिवस 7 जुलाई ,  दो राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस 28 अक्टूबर और 28 दिसंबर, और अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस 13 सितंबर) [14] ) में चार प्राथमिक चॉकलेट अवकाश सूचीबद्ध किए हैं। नेशनल मिल्क चॉकलेट डे, नेशनल व्हाइट चॉकलेट डे और नेशनल कोको डे मनाया जाता है । विश्व में  विश्व चॉकलेट दिवस व वर्ल्ड चॉकलेट डे  प्रथम बार 07 जुलाई 2009 में मनाया गया था। विश्व  चॉकलेट दिवस पर मित्र एवं  प्रेमी चॉकलेट खा कर और चॉकलेट एक-दुसरे में बांटकर मनाते है।  कपल्स द्वारा फरवरी में वैलेंटाइन सप्ताह के तीसरे दिन भी चॉकलेट डे मनाया जाता है। चॉकलेट  खाद्य पदार्थ को  बच्चे , युवा , बड़े लोगों को  पसंद  है। चॉकलेट उचित मात्रा में खाने से शरीर को कई फायदे हैं। यूरोप में 7 जुलाई 1550 को चॉकलेट दिवस मनाई गई   थी। फ्रांस ने  सन् 1995 में चॉकलेट दिवस मनाने का प्रारंभ हुई थी । चॉकलेट का  आस्तित्व 2000 से 4000 वर्ष प्राचीन  है। अमेरिका में नेशनल चॉकलेट डे 28 अक्टूबर ,   कोको का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक देश अफ्रीकी देश घाना में  चॉकलेट को समर्पित   प्रति वर्ष 14 फरवरी को मनाया जाता है। अमेरिका में  प्रथम बार चॉकलेट वृक्ष  की फलियों में लगे बीज से चॉकलेट की खोज हुई थी।1528 में अमेरिका के मेक्सिको पर स्पेन के अधीन  था ।  चॉकलेट के  पेड़ को  कोको को  मेक्सिको से स्पेन ले आए थे । स्पेन में कोको को  पसंदीदा ड्रिंक बना लियाथा । कोको वृक्ष के फल का स्वाद  कसैला और तीखेपन को दूर करने के लिए उपाय कर  मीठा बनाने का श्रेय यूरोप है । चॉकलेट को  चॉकलेट केक, चॉकलेट कैंडी ,  चॉकलेट से बनी चीज को उपहार के रूप में देते  हैं।अगर आपसे आपका कोई प्रिय रूठ गया है तो उसे मनाने के लिए आप अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस पर उन्हें चॉकलेट गिफ्ट करके मना सकते हैं और अपने रिश्तो को मजबूत कर सकते है । चॉकलेट से शरीर की बनावट पर असर और  मोटापा बढ़ता है । चॉकलेट खाने से तनाव कम कर  हारमोंस को नियंत्रित , ब्लड प्रेशर को नियंत्रित और कम करने ,  एंटी ओक्सिडेंट के गुण के कारण सकारात्मक ऊर्जा , चॉकलेट की बीज में डार्क चॉकलेट खाने से दिल की बीमारी होने का खतरा एक तिहाई तक कम , मुंह पर एंटीबैक्टीरियल प्रभाव और दांतों की सड़न से बचाता है।भारत में चॉकलेट की खपत  और भारत में दूध और कोको की पैदावार लगातार बढ़ने के कारण चॉकलेट उद्योग भारत में काफी तेजी से बढ़ रहा है । विश्व चॉकलेट दिवस , जिसे कभी-कभी अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस के रूप में विश्व में 7 जुलाई  1550 में यूरोप में चॉकलेट की शुरुआत की वर्षगांठ  हैं।  विश्व चॉकलेट दिवस का पालन 2009 से होता है। संयुक्त राज्य अमेरिका में 28 अक्तूबर को  राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस ,  यूएस नेशनल कन्फेक्शनर्स एसोसिएशन ने 13 सितंबर 1857 ई. को मिल्टन एस. हॉर्से का जन्म दिवस पर अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस के रूप में मनाया जाता है।   कोको का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक घाना में 14 फरवरी को चॉकलेट दिवस , लातविया में 11 जुलाई को विश्व चॉकलेट दिवस मनाया जाता है। 
यूएस नेशनल कन्फेक्शनर्स एसोसिएशन द्वारा चॉकलेट दिवस 7 जुलाई ,  दो राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस 28 अक्टूबर और 28 दिसंबर, और अंतर्राष्ट्रीय चॉकलेट दिवस 13 सितंबर में चार प्राथमिक चॉकलेट अवकाश  हैं। नेशनल मिल्क चॉकलेट डे, नेशनल व्हाइट चॉकलेट डे और नेशनल कोको डे मनाया जाता है । भारत सऊदी अरब, सिंगापुर, नेपाल, हांगकांग और यूएई में चॉकलेट निर्यात कर रहा है।चॉकलेट बनाने वाले पेड़ कोको की फसल को बीसवीं शताब्दी के शुरुआती दौर में भारत लाया गया था और व्यवसायिक तौर पर इसकी खेती 1960 के दशक से ही होती आ रही है। कोको एक उष्णकटिबंधीय फसल है और भारत की जलवायु इसके लिए बिल्कुल अनुकूल होने के कारण  भारत में  विकास काफी अच्छी तरह हो रहा है।   नेपाल, हांगकांग और यूएई में चॉकलेट निर्यात कर रहा है।चॉकलेट बनाने वाले पेड़ कोको की फसल को बीसवीं शताब्दी के शुरुआती दौर में भारत लाया गया  और व्यवसायिक तौर पर खेती 1960 से प्रारंभ   है। कोको  उष्णकटिबंधीय फसल  भारत की जलवायु इसके लिए बिल्कुल अनुकूल है ।भारत में  बागवानी फसल के रूप मे खेती की जाती है। चॉकलेट का केक जन्म दिवस , सेल्वेराशन डे एवं समारोहों में प्रमुखता के साथ उपयोग में करते  है ।